Cardiothoracic Vascular Surgery
देहरादून। ग्राफिक एरा अस्पताल ने उन्नत हृदय चिकित्सा के क्षेत्र में उत्कृष्टता की नई मिसाल कायम की है। अस्पताल के कार्डियोथोरेसिक एवं वैस्कुलर सर्जरी (सीटीवीएस) विभाग ने 1000 से अधिक लोगों के हार्ट की सफल सर्जरी पूरी कर यह उपलब्धि हासिल की है।
ग्राफिक एरा अस्पताल के कार्डियोथोरेसिक एवं वैस्कुलर सर्जरी (सीटीवीएस) विभाग ने अब तक कुल 1004 सफल सर्जरी कर जटिल हृदय रोगों के उपचार में अपनी उत्कृष्ट विशेषज्ञता और उच्च सफलता दर का परिचय दिया है। इनमें 321 बाईपास सर्जरी, 177 वाल्व सर्जरी, 136 सरल जन्मजात सर्जरी, 87 जटिल जन्मजात सर्जरी, 19 एओर्टिक सर्जरी और 264 वैस्कुलर, थोरेसिक एवं अन्य महत्वपूर्ण सर्जरी शामिल हैं।
सीटीवीएस विभाग की टीम में कार्डियक साइंसेज़ के निदेशक डॉ. अखिलेश पांडे, कार्डियक एनेस्थीसिया के हेड डॉ. सत्य प्रकाश गौतम, एनेस्थीसिया के हेड डॉ. पराग कुमार के साथ डॉ. पुलकित मल्होत्रा, डॉ. अनुराधा, डॉ. निशी और थाइन डैवी, ध्यानी रॉय, विनय कुमार, नरेंद्र सिंह, शोभा, रणप्रीत एवं एंड्रयू पॉल शामिल हैं।
ग्राफिक एरा अस्पताल के मेडिकल डायरेक्टर डॉ. पुनीत त्यागी ने कहा कि अस्पताल में मिनिमली इनवेसिव कार्डियक सर्जरी (एमआईसीएस) जैसी अत्याधुनिक तकनीक के माध्यम से वयस्कों, बच्चों और नवजात शिशुओं का सफल उपचार किया जा रहा है। विभाग ने मात्र दो दिन के 1.9 किलोग्राम वजन वाले नवजात शिशु का सफल ऑपरेशन कर जटिल हृदय सर्जरी के क्षेत्र में अपनी उच्च स्तरीय विशेषज्ञता, आधुनिक तकनीकी क्षमता और उत्कृष्ट चिकित्सकीय दक्षता का परिचय दिया है।
मेडिकल सुपरिटेंडेंट डॉ. जसजीत सिंह ने कहा कि अस्पताल में एक्स्ट्राकॉर्पोरियल मेम्ब्रेन ऑक्सीजनेशन (ईसीएमओ) जैसी विश्वस्तरीय जीवनरक्षक सुविधा भी उपलब्ध है, जो गंभीर अवस्था वाले मरीजों के उपचार में नई उम्मीद बनकर महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।
यह उपलब्धि विभाग की टीम के समर्पण, विशेषज्ञता और उत्कृष्ट चिकित्सा सेवाओं के प्रति निरंतर प्रतिबद्धता का प्रतीक है, जिसने बेहतर क्लिनिकल परिणामों के साथ संस्थान को चिकित्सा क्षेत्र में नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया है।
ग्राफिक एरा अस्पताल कार्डियक ट्रांसप्लांट और रोबोटिक एमआईसीएस सर्जरी जैसी अत्याधुनिक तकनीकों की शुरुआत करने की तैयारी कर रहा है, जिससे मरीजों को विश्वस्तरीय, अत्यधिक सटीक और उन्नत चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध हो सकेंगी।
